BJP MLA Chhotelal Verma Passes Away: 2 दिन से था बुखार, नोएडा में इलाज के दौरान निधन

BJP MLA Chhotelal Verma Passes Away:

BJP MLA Chhotelal Verma Passes Away: आगरा की फतेहाबाद सीट से भाजपा विधायक छोटेलाल वर्मा का गुरुवार को निधन हो गया। वह 73 साल के थे। बताया गया कि वह पिछले दो दिनों से बुखार की चपेट में थे। गुरुवार को अचानक उनकी हालत काफी बिगड़ गई। इलाज के लिए उन्हें नोएडा के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन डॉक्टरों की कोशिशों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका।

उनके निधन की खबर मिलते ही आगरा समेत पूरे राजनीतिक जगत में शोक फैल गया। भाजपा कार्यकर्ताओं, समर्थकों और क्षेत्र के लोगों में गम का माहौल है।

फतेहपुरसीकरी से सांसद राजकुमार चाहर के मुताबिक, बुखार बढ़ने पर छोटेलाल वर्मा को पहले आगरा के राजपुर चुंगी इलाके के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। जब तबीयत में सुधार नहीं हुआ तो परिवार के लोग उन्हें बेहतर इलाज के लिए दिल्ली लेकर जा रहे थे। रास्ते में उनकी हालत और नाजुक हो गई, जिसके बाद उन्हें नोएडा के अस्पताल में भर्ती कराया गया। वहीं इलाज के दौरान उनका निधन हो गया।

तीन दशक से ज्यादा लंबा रहा राजनीतिक सफर

छोटेलाल वर्मा ने फतेहाबाद की राजनीति में करीब तीन दशक तक अपनी मजबूत पहचान बनाए रखी। उनका जन्म 7 जुलाई 1953 को आगरा के नगला देवहंस गांव में हुआ था। शुरुआत में वह खेती, कारोबार और सामाजिक कार्यों से जुड़े रहे। बाद में उन्होंने सक्रिय राजनीति में कदम रखा।

साल 1993 में भाजपा ने उन्हें फतेहाबाद विधानसभा सीट से उम्मीदवार बनाया था। उस समय वह करीब 40 साल के थे और पहली बार में ही चुनाव जीतकर विधायक बन गए। इसके बाद उनके राजनीतिक जीवन में कई उतार-चढ़ाव आए, लेकिन फतेहाबाद क्षेत्र में उनका जनाधार बना रहा।

1996 में उन्होंने भाजपा के टिकट पर फिर चुनाव लड़ा, लेकिन जनता दल के विजय पाल सिंह से हार गए। इसके बाद 2002 में भाजपा की ओर से चुनाव लड़ते हुए वह फिर विधायक चुने गए।

साल 2007 में उन्होंने समाजवादी पार्टी के टिकट पर चुनाव मैदान में उतरने का फैसला किया, लेकिन जीत नहीं मिली। बाद में वह बसपा में शामिल हुए और 2012 के विधानसभा चुनाव में फतेहाबाद से बसपा प्रत्याशी के तौर पर जीत दर्ज की। इसके बाद उन्होंने भाजपा में वापसी की और 2022 के विधानसभा चुनाव में 50 हजार से अधिक मतों के अंतर से जीत हासिल की। यह उनके राजनीतिक जीवन की चौथी विधायक जीत थी।

राज्यमंत्री और उपमंत्री स्तर की जिम्मेदारियां भी संभालीं

विधायक रहने के अलावा छोटेलाल वर्मा को प्रदेश स्तर पर भी अहम जिम्मेदारियां मिलीं। वर्ष 2008 में उन्हें रामगंगा कमांड परियोजना, कानपुर-लखनऊ का उपाध्यक्ष बनाया गया था। इस पद को राज्यमंत्री स्तर का दर्जा प्राप्त था।

इसके बाद मई 2009 में उन्हें उत्तर प्रदेश राज्य एकीकरण परिषद का अध्यक्ष नियुक्त किया गया। यह जिम्मेदारी उपमंत्री स्तर की मानी जाती थी।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जताया शोक

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने छोटेलाल वर्मा के निधन पर दुख जताया है। उन्होंने कहा कि फतेहाबाद के विधायक का निधन बेहद पीड़ादायक है।

आज पैतृक गांव में होगा अंतिम संस्कार

छोटेलाल वर्मा के बेटे महेंद्र वर्मा ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद विधायक का पार्थिव शरीर देर रात करीब तीन बजे आगरा लाया गया। शुक्रवार दोपहर करीब तीन बजे तक विभव नगर स्थित उनके आवास पर लोग अंतिम दर्शन कर सकेंगे।

इसके बाद पार्थिव शरीर को उनके पैतृक गांव नगला देवहंस ले जाया जाएगा। गांव में वह एक मंदिर का निर्माण करा रहे थे। मंदिर परिसर में भी कुछ समय के लिए अंतिम दर्शन की व्यवस्था रहेगी। बाद में यमुना किनारे स्थित श्मशान घाट पर राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।