राजस्थान निकाय चुनाव: 7712 वार्डों के नतीजे घोषित, 3181 पर BJP और 2875 पर कांग्रेस की जीत
राजस्थान के 309 नगरीय निकायों के 10,167 वार्डों के लिए मतगणना जारी है। दोपहर 1 बजे तक सामने आए आंकड़ों के अनुसार 7,712 वार्डों के परिणाम घोषित किए जा चुके हैं। इनमें भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 3,181 वार्डों में जीत हासिल की है, जबकि कांग्रेस 2,875 वार्डों में विजयी रही है। वहीं, 1,656 वार्डों में निर्दलीय उम्मीदवारों ने कब्जा जमाया है। बाकी बचे वार्डों के लिए वोटों की गिनती चल रही है।
प्रदेश में 10 नगर निगम, 47 नगर परिषद और 200 से अधिक नगरपालिकाओं के लिए दो चरणों में 9 और 11 सितंबर को मतदान कराया गया था। पहले चरण में 162 निकायों में 76.41 फीसदी और दूसरे चरण में 147 निकायों में 71.69 फीसदी वोट पड़े थे। दोनों चरणों को मिलाकर कुल मतदान 74.05 प्रतिशत रहा। चुनाव प्रक्रिया के दौरान 77 पार्षद निर्विरोध चुने गए थे, जिनमें 37 महिलाएं शामिल हैं।
निर्दलीयों की बढ़त ने बढ़ाई बाड़ेबंदी, 21 सितंबर को असली इम्तिहान
वार्ड पार्षदों के नतीजे सामने आने के बाद अब दोनों प्रमुख दलों का ध्यान बोर्ड बनाने पर टिक गया है। 21 सितंबर को मेयर, सभापति और नगरपालिका चेयरमैन पदों के लिए मतदान होगा।
1,656 वार्डों में निर्दलीय प्रत्याशियों की जीत और कड़े मुकाबले को देखते हुए भाजपा और कांग्रेस दोनों को क्रॉस-वोटिंग व जोड़-तोड़ का अंदेशा है। इसी आशंका के चलते दोनों दलों ने अपने-अपने दावेदारों और संभावित विजयी पार्षदों को एकजुट रखने के लिए जयपुर, अजमेर और पुष्कर के होटलों व रिसॉर्ट्स में ठहराया हुआ है।
मंत्री मदन दिलावर के भाई अटरू में चेयरमैन की दौड़ में सबसे आगे
बारां जिले की अटरू नगर पालिका में परिणाम के साथ ही नेतृत्व की दावेदारी तेज हो गई है। वार्ड नंबर 5 से राजस्थान सरकार के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के छोटे भाई कृष्ण मुरारी दिलावर ने भाजपा के टिकट पर जीत दर्ज की है। इस जीत के बाद अटरू नगर पालिका में चेयरमैन पद के लिए उन्हें सबसे प्रबल दावेदार माना जा रहा है। नतीजे घोषित होते ही पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने आतिशबाजी कर जश्न मनाया।
मोतीलाल कॉलेज में थ्री-लेयर सुरक्षा के बीच सुबह 8 बजे खुलीं EVM
मतगणना स्थल पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। मोतीलाल कॉलेज स्थित मतगणना केंद्र पर पुलिस प्रशासन ने थ्री-लेयर सुरक्षा व्यवस्था लागू की। निर्वाचन रिटर्निंग ऑफिसर रामकरण सिंह ने अधिकारियों के साथ सुबह टेबल मैनेजमेंट और अन्य तैयारियों का निरीक्षण किया, जिसके बाद सुबह ठीक 8 बजे ईवीएम मशीनों के ताले खोलकर मतों की गणना शुरू की गई।
