September 15, 2026

राजस्थान निकाय चुनाव: UGC नियम और 18 जनरल सीटों पर OBC टिकट के सवाल पर उलझे BJP नेता हरीश द्विवेदी

harish dwivedi

राजस्थान में हो रहे नगर निकाय चुनावों में बुनियादी सुविधाओं के साथ-साथ यूजीसी (UGC) के नए नियम और ओबीसी आरक्षण का मुद्दा गरमा गया है। बीकानेर में भारतीय जनता पार्टी की एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पार्टी के राष्ट्रीय महामंत्री और राजस्थान नगर निकाय चुनाव प्रभारी हरीश द्विवेदी पत्रकारों के तीखे सवालों का सीधा जवाब देने के बजाय नाराजगी जताते हुए उनसे उलझ पड़े। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद राज्य में सियासी बयानबाजी तेज हो गई है।

संकल्प पत्र की पीसी में उठा यूजीसी और करणी सेना का मुद्दा बीजेपी के राष्ट्रीय महामंत्री पूर्व सांसद हरीश द्विवेदी और केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल शुक्रवार को बीकानेर में पार्टी का ‘संकल्प पत्र’ जारी करने पहुंचे थे। प्रेस कॉन्फ्रेंस में मीडियाकर्मियों ने जब यूजीसी के नए नियमों और करणी सेना समेत अन्य सवर्ण संगठनों द्वारा निकाय चुनावों में बीजेपी को हराने की अपील को लेकर सवाल पूछे, तो द्विवेदी असहज हो गए। पार्टी का आधिकारिक रुख स्पष्ट करने के बजाय वह सवाल पूछने वाले पत्रकारों से ही बहस करने लगे।

जनरल की 18 सीटों पर OBC उम्मीदवार उतारने पर साधी चुप्पी इसके बाद पत्रकारों ने बीकानेर में सामान्य (General) वर्ग की 18 सीटों पर बीजेपी द्वारा ओबीसी वर्ग के उम्मीदवारों को टिकट दिए जाने को लेकर सवाल किया। इस पर पूर्व सांसद ने मामले की जानकारी होने से इनकार करते हुए सीधे तौर पर हाथ खड़े कर दिए। उन्होंने केवल इतना कहा कि हर क्षेत्र की स्थानीय परिस्थितियां अलग होती हैं और टिकट वितरण उसी आधार पर तय किया जाता है। दोनों ही संवेदनशील मुद्दों पर स्पष्ट जवाब न मिलने और मीडिया से तकरार का यह वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है।

गोविंद सिंह डोटासरा और कांग्रेस का पलटवार मामला तूल पकड़ते ही कांग्रेस ने बीजेपी पर तीखा हमला बोला। राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PCC) के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि बीजेपी नेताओं के पास जनता को बताने के लिए कोई ठोस काम नहीं है और वे किसी वर्ग के हितैषी नहीं हैं, इसीलिए अपना स्टैंड साफ करने के बजाय प्रेस से उलझने का रास्ता चुनते हैं।

राजस्थान प्रदेश कांग्रेस के मीडिया कोऑर्डिनेटर स्वर्णिम चतुर्वेदी ने कहा कि जब बीजेपी के पास सवालों के जवाब नहीं होते, तो उनके नेता नाराजगी जाहिर करते हैं और झगड़ने लगते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी सच्चाई को सामने आने से रोकने के लिए मीडिया पर तरह-तरह की पाबंदियां लगाने की कोशिश करती है।

विवादित मुद्दों पर कांग्रेस का सधा हुआ रुख बीजेपी की कार्यशैली को कटघरे में खड़ा करने के बावजूद कांग्रेस ने खुद यूजीसी के नए नियमों और सामान्य सीटों पर ओबीसी उम्मीदवारों को मैदान में उतारे जाने के मुद्दे पर अपना आधिकारिक स्टैंड पूरी तरह साफ नहीं किया है। पार्टी प्रवक्ता बीजेपी की घेरेबंदी तक ही सीमित रहे और दोनों संवेदनशील विषयों पर सधे हुए अंदाज में ही प्रतिक्रिया दी। निकाय चुनाव के दौरान किसी भी वर्ग की नाराजगी से बचने के लिए विपक्षी खेमा भी इन मुद्दों पर सीधी लाइन लेने से बचता नजर आया।