लखनऊ में लगा विवादित पोस्टर, दीपके, नेहा, खालिद को बताया ‘कलयुगी रावण’

yogi

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में एक बार फिर पोस्टर राजनीति (Poster Politics) गरमा गई है। शहर के वीवीआईपी और व्यस्ततम 1090 चौराहे पर योगी सेना (भारत) संगठन द्वारा लगाया गया एक विवादित पोस्टर इन दिनों चर्चा और तीखी बहस का विषय बना हुआ है।

इस पोस्टर में आइसा (AISA) और सीजेपी (CJP) जैसे संगठनों से जुड़े कई चर्चित नेताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं की तस्वीरें लगाई गई हैं और उन्हें ‘कलयुगी रावण’ के रूप में दर्शाया गया है। यह पोस्टर योगी सेना (भारत) के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष मोहित मिश्रा के नेतृत्व में लगाया गया है।

पोस्टर में किन चेहरों को किया गया शामिल?

विवादित पोस्टर में मुख्य रूप से उमर खालिद, अभिजीत दीपके और नेहा बोरा समेत कई अन्य चर्चित चेहरे शामिल किए गए हैं। इन चेहरों को निशाना बनाते हुए पोस्टर में कड़ी भाषा का इस्तेमाल किया गया है।

क्या है पोस्टर लगाने के पीछे की वजह?

योगी सेना (भारत) का दावा है कि यह विरोध प्रदर्शन दिल्ली के जंतर-मंतर पर हाल ही में हुए एक कार्यक्रम और वहां दिए गए कथित आपत्तिजनक बयानों के खिलाफ दर्ज कराया गया है।

संगठन ने आरोप लगाया है कि जंतर-मंतर पर कुछ कार्यकर्ताओं और नेताओं ने भारत को ‘बांग्लादेश जैसे हालात’ में धकेलने से संबंधित आपत्तिजनक बातें कही थीं। संगठन का मानना है कि ऐसे बयान सीधे तौर पर देश की अस्मिता, सुरक्षा और संप्रभुता के खिलाफ हैं।

‘सनातन और देश के खिलाफ गतिविधियां बर्दाश्त नहीं’

पोस्टर लगाने वाले संगठन ने दो टूक चेतावनी देते हुए कहा है कि देश और सनातन परंपरा के विरुद्ध किसी भी प्रकार की गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

राजधानी के अहम चौराहे पर लगे इस पोस्टर के बाद राजनीतिक हलकों में भी प्रतिक्रियाओं का दौर शुरू होने की संभावना है। पुलिस और प्रशासन ने अभी तक इस पोस्टर को लेकर कोई आधिकारिक बयान या कार्रवाई की जानकारी नहीं दी है।