न्यूयॉर्क में अमेरिका और ईरान के बीच 3 घंटे चली सीधी वार्ता, होर्मुज खोलने के लिए तेहरान ने रखीं 3 शर्तें

President Trump Makes An Announcement At The Kennedy Center

WASHINGTON, DC - AUGUST 13: U.S. President Donald Trump speaks during an event at the Kennedy Center on August 13, 2025 in Washington, DC. Trump announced country music artist George Strait, actor Michael Crawford, actor Sylvester Stallone, singer Gloria Gaynor and members of the rock band Kiss as the first nominees of the annual Kennedy Center Honors since taking control of the center’s board earlier this year. (Photo by Andrew Harnik/Getty Images)

अमेरिका और ईरान के बीच पिछले सात महीनों से जारी भीषण सैन्य टकराव के बीच संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के मंच से एक बड़ा कूटनीतिक घटनाक्रम सामने आया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने खुलासा किया है कि न्यूयॉर्क में अमेरिकी अधिकारियों और ईरानी उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल के बीच करीब तीन घंटे तक विस्तृत बैठक चली है। फरवरी 2026 से जारी इस जंग को समाप्त करने के प्रयासों के तहत दोनों देशों के बीच इसे एक महत्वपूर्ण प्रगति माना जा रहा है।

यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की के साथ एक संयुक्त प्रेसवार्ता के दौरान डोनाल्ड ट्रंप ने इस बैठक को सकारात्मक बताते हुए कहा कि शांति समझौता करना पूरी तरह से ईरान के अपने हित में है।

‘एक रास्ता तबाही का, दूसरा महानता का’— ट्रंप की दो टूक

संभावित शांति समझौते पर बात करते हुए राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान को स्पष्ट संदेश दिया। उन्होंने कहा, “यह एक बहुत अच्छी बैठक थी। डील करना ईरान के अपने फायदे में है। मेरी समझ से परे है कि वे ऐसा क्यों नहीं करना चाहेंगे। उनके सामने एक विकल्प पूरी तबाही का है और दूसरा महानता का। समझौता करके ईरान फिर से एक महान देश बन सकता है।”

ब्रिटिश प्रधानमंत्री एंडी बर्नहैम से मुलाकात के बाद भी ट्रंप ने स्पष्ट किया कि दोनों देशों के बीच कूटनीतिक संपर्क लगातार बना हुआ है। उन्होंने कहा कि ईरान बातचीत जारी रखना चाहता है और रिश्ते धीरे-धीरे आगे बढ़ रहे हैं। हालांकि, उन्होंने दोहराया कि अमेरिका की एक सख्त शर्त है कि ईरान को किसी भी सूरत में परमाणु हथियार हासिल नहीं करने दिया जाएगा।

होर्मुज स्ट्रेट खोलने के लिए ईरान ने रखीं 3 शर्तें

ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार, यूएन महासभा के 81वें सत्र के इतर ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची और अमेरिकी विशेष दूत स्टीव विटकॉफ के बीच यह सीधी बातचीत हुई। इस बैठक में ईरान ने वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए महत्वपूर्ण होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) को फिर से खोलने के लिए अमेरिका के सामने तीन प्रमुख शर्तें रखी हैं:

  1. नाकाबंदी तुरंत हटे: फारस की खाड़ी और उसके आसपास के अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र से नौसैनिक प्रतिबंधों और नाकाबंदी को फौरन समाप्त किया जाए।

  2. जब्त संपत्तियों की बहाली: पश्चिमी देशों और अमेरिका में फ्रीज (जब्त) की गई ईरान की सभी संपत्तियों और वित्तीय फंड्स को तुरंत रिलीज किया जाए।

  3. सैन्य कार्रवाइयों पर पूर्ण विराम: क्षेत्र के सभी मोर्चों पर चल रही सैन्य कार्रवाइयों और हमलों को पूरी तरह से रोका जाए।

अमेरिकी खेमे से सकारात्मक संकेत

बैठक खत्म होने के बाद बातचीत का नेतृत्व कर रहे अमेरिकी विशेष दूत स्टीव विटकॉफ ने मीडिया से कहा, “मैं इस समय काफी सकारात्मक और अच्छा महसूस कर रहा हूं।” राष्ट्रपति ट्रंप ने भी विटकॉफ और जेरेड कुशनर की भूमिका की सराहना करते हुए बातचीत के नतीजों पर संतोष जताया।

वर्तमान में ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन और विदेश मंत्री अब्बास अराघची यूएन महासभा सत्र के सिलसिले में न्यूयॉर्क में मौजूद हैं, जिससे आने वाले दिनों में पर्दे के पीछे इस कूटनीतिक समझौते के और आगे बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है।