September 20, 2026

BJP मंत्री के मंच पर ग्रामीण बोला- ‘वोट नहीं देंगे’; SP नेता ने दी 1 लाख के इनाम की चुनौती

sanjay singh bjp

उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव करीब आते ही पीलीभीत का राजनीतिक पारा पूरी तरह से चढ़ गया है। जनता से दूरी बनाने के आरोपों से घिरे योगी सरकार में गन्ना राज्य मंत्री संजय सिंह गंगवार अब जनसभाओं के जरिए आक्रामक चुनाव प्रचार में जुट गए हैं। इसी बीच, भारतीय जनता पार्टी (BJP) और समाजवादी पार्टी (SP) के नेताओं के बीच तीखी जुबानी जंग शुरू हो गई है।

सपा को बताया ‘गुंडाराज’, मंच के सामने ग्रामीण ने किया विरोध

गन्ना राज्य मंत्री संजय सिंह गंगवार ने अपनी जनसभाओं में समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव पर सीधा हमला बोला है:

  • माफियाओं का जिक्र: मंत्री ने सपा सरकार को ‘गुंडाराज’ करार देते हुए अतीक अहमद, मुख्तार अंसारी और आजम खान जैसे चेहरों का जिक्र कर तीखे बाण चलाए।

  • धार्मिक ध्रुवीकरण: उन्होंने आरोप लगाया कि सपा सरकार में कांवड़ियों पर डंडे बरसाए जाते थे, जबकि आज सुरक्षित माहौल है।

  • ग्रामीण की दो टूक: गंगवार की जनसभा के दौरान उस समय असहज स्थिति पैदा हो गई, जब भीड़ में खड़े एक ग्रामीण ने सीधे मंच की ओर मुखातिब होते हुए कह दिया- “अबकी बार बीजेपी को वोट नहीं देंगे।” इस घटना के बाद पीलीभीत की सियासत और गरमा गई है।

सपा नेता हेमराज वर्मा का पलटवार: ‘पहनावे और चश्मे पर तंज’

मंत्री के बयानों के बाद, समाजवादी पार्टी के पूर्व मंत्री और स्थानीय नेता हेमराज वर्मा ने पलटवार करने में कोई कसर नहीं छोड़ी। इसी गांव में जनसभा करने पहुंचे सपा नेता ने गंगवार के बयानों को धार्मिक ध्रुवीकरण की राजनीति बताया:

  • लाइफस्टाइल पर हमला: हेमराज वर्मा ने खुले मंच से तंज कसते हुए कहा कि दिन में कई बार कपड़े बदलने वाले और लाखों का चश्मा पहनने वाले मंत्री, यह सब जनता के पैसों की बदौलत कर रहे हैं।

  • संपत्ति को लेकर खुली चुनौती: पूर्व मंत्री ने अपनी ईमानदारी का दावा करते हुए बीजेपी नेताओं को खुली चुनौती दे डाली।

’50 लाख की संपत्ति दिखाओ, 1 लाख का इनाम पाओ’

हेमराज वर्मा ने मंच से गरजते हुए कहा, “मैं जब विधायक रहा, सरकार में मंत्री रहा और राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव का करीबी रहा… तब से लेकर आज तक मेरे नाम, मेरी पत्नी, बच्चों, भतीजे या भांजे किसी के भी नाम 50 लाख रुपये की संपत्ति हो, तो ढूंढ लें। मैं उनके गुर्गों से भी कहता हूं कि इसे ढूंढ लें, ऐसा करने वाले को मैं 1 लाख रुपये का इनाम देने का काम करूंगा।”

पीलीभीत से सामने आ रही यह राजनीतिक खींचतान स्पष्ट कर रही है कि चुनाव पास आते ही जनप्रतिनिधि किस तरह जनता के बीच पहुंचकर अपने बयानों की धार तेज करने में जुट गए हैं और आने वाले दिनों में यहां मुकाबला बेहद दिलचस्प होने वाला है।