NSE के 1.89 करोड़ शेयरों का लॉक-इन खत्म, शेयर धड़ाम; अब आगे क्या?
NSE Share Price: शेयरहोल्डर लॉक-इन खत्म होने के दिन NSE का शेयर गिरकर ₹1,695.60 पर बंद हुआ।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) के शेयर आज एक महीने का शेयरहोल्डर लॉक-इन खत्म होने के बाद दबाव में आ गए। नुवामा अल्टरनेटिव एंड क्वांटिटेटिव रिसर्च की रिपोर्ट के अनुसार आज 1.89 करोड़ शेयरों का लॉक-इन पीरियड खत्म हुआ, जो कंपनी की 1 फीसदी इक्विटी होल्डिंग के बराबर है, और इसी वजह से शेयरों पर बिकवाली का दबाव बना। बीएसई पर शेयर 0.64 फीसदी की गिरावट के साथ 1,695.60 रुपये पर बंद हुआ, जबकि इंट्रा-डे में यह 1.38 फीसदी फिसलकर 1,683.00 रुपये के रिकॉर्ड निचले स्तर तक आ गया था।
लॉक-इन खत्म होने का मतलब क्या है?
बुधवार के क्लोजिंग प्राइस 1,706.55 रुपये के हिसाब से आज करीब 3,225 करोड़ रुपये के शेयरों का लॉक-इन खत्म हुआ, यानी ये शेयर अब ट्रेडिंग के लिए खुल गए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक इसका मतलब यह नहीं कि ये शेयर बिकने जा रहे हैं, बल्कि शेयरहोल्डर्स को अब अपने हिसाब से मुनाफावसूली करने की छूट मिल गई है।
लिस्टिंग के बाद से NSE के शेयरों की चाल कैसी रही?
NSE का आईपीओ 1,785 रुपये के भाव पर जारी हुआ था। यह पूरी तरह ऑफर फॉर सेल इश्यू था और इसे 5 गुना से ज्यादा बोली मिली, एक महीने में शेयर 10.39 फीसदी टूटकर आज 22 अक्टूबर 2026 को 1,683.00 रुपये पर आ गया, जो इसका रिकॉर्ड निचला स्तर है।
ब्रोकरेज फर्मों का NSE के शेयर पर क्या रुख है?
ब्रोकरेज फर्म मैक्वेरी का मानना है कि कैपिटल मार्केट सेगमेंट में NSE का दबदबा सबसे ज्यादा है। मैक्वेरी ने आउटपरफॉर्म रेटिंग के साथ कवरेज शुरू की है और टारगेट प्राइस 1,965 रुपये तय किया है। इसके अलावा प्रभुदास लीलाधर, एमके (Emkay) और एशियन मार्केट सिक्योरिटीज ने भी कवरेज शुरू की है और आउटपरफॉर्म या खरीदारी की रेटिंग दी है।
