September 15, 2026

नेपाल बाढ़ के बाद 288 भारतीय लापता: 21 नागरिकों को सुरक्षित निकाला गया

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नई दिल्ली: नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ के बाद भारतीय नागरिकों की सुरक्षा और बचाव को लेकर विदेश मंत्रालय (MEA) ने अहम जानकारी साझा की है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने गुरुवार, 27 अगस्त को बताया कि बाढ़ के बाद से 288 भारतीय लापता हैं, जिनकी तलाश और सुरक्षित वापसी के लिए बड़े पैमाने पर रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है। राहत की बात यह है कि अब तक 21 भारतीय नागरिकों को सुरक्षित निकाला जा चुका है।

विदेश मंत्रालय की ब्रीफिंग के मुख्य बिंदु:

  • 21 नागरिकों का रेस्क्यू: विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता के अनुसार, गुरुवार दोपहर 1 बजे तक राहत और बचाव दलों ने 21 भारतीय नागरिकों को सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया है।

  • पश्चिम बंगाल और केरल के यात्री: पश्चिम बंगाल से 32 भारतीय नागरिक ‘सम्राट ट्रैवल्स’ के माध्यम से यात्रा पर गए थे, जबकि केरल से 33 भारतीय नागरिकों का एक दल नेपाल में मौजूद था। सरकार इन सभी से संपर्क स्थापित करने और सहायता पहुंचाने के लिए लगातार प्रयासरत है।

  • चीन सीमा पर फंसे 200 तीर्थयात्री: कैलाश मानसरोवर यात्रा पर गए कई भारतीय तीर्थयात्री फिलहाल चीन की तरफ फंसे हुए हैं। लगभग 200 भारतीय नागरिकों ने मदद की गुहार लगाई है।

  • भारतीय मिशन कर रहा समन्वय: चीन स्थित भारतीय दूतावास और मिशन वहां के स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर फंसे हुए यात्रियों के रेस्क्यू पर तेजी से काम कर रहा है। इसके अलावा, ईशा फ़ाउंडेशन के सदस्य भी वहां फंसे हुए हैं, जिन्हें सुरक्षित निकालने की प्रक्रिया जारी है।

भारत सरकार नेपाल और चीन दोनों देशों के स्थानीय प्रशासन व राहत एजेंसियों के साथ 24 घंटे समन्वय बनाए हुए है, ताकि सभी लापता और फंसे हुए नागरिकों को जल्द से जल्द सुरक्षित निकाला जा सके।