क्या ईरान की साजिश है? नेतन्याहू बोले- ‘अभी कुछ कहना जल्दबाजी’, ट्रंप ने बताया आतंकी घटना

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दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई (Flydubai) की उड़ान में हुए दुस्साहसिक हमले के बाद पूरी दुनिया की नजरें इस घटना की जांच पर टिक गई हैं। इसराइली प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू (Benjamin Netanyahu) ने इस हमले में ईरान की संलिप्तता के सवाल पर सतर्क प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि इस हमले के पीछे ईरान का हाथ है या नहीं, इस बारे में अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी।

हवा में खौफनाक मंजर: 17 हजार फीट नीचे आ गया था विमान

बुधवार को आसमान में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब विमान के अंदर एक पायलट ने दूसरे पायलट पर धारदार हथियार से जानलेवा हमला कर दिया। हमलावर ने विमान का नियंत्रण अपने हाथ में लेने की कोशिश की, जिससे विमान का संतुलन बिगड़ गया और वह अपनी निर्धारित ऊंचाई से 17,000 फीट से अधिक नीचे आ गया। गनीमत यह रही कि यात्रियों और क्रू सदस्यों ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए हमलावर को काबू कर लिया और विमान की सुरक्षित लैंडिंग कराई जा सकी।

कैप्टन स्मित मच्छर और यात्री यानिव बने ‘हीरो’

इस जानलेवा हमले में भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छर (Captain Smit Machhar) गंभीर रूप से घायल हो गए। फिलहाल अस्पताल में उनका इलाज चल रहा है और उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने कैप्टन स्मित की बहादुरी की जमकर तारीफ करते हुए उन्हें “सच्चा हीरो” करार दिया है।

वहीं, विमान में मौजूद एक इजरायली यात्री यानिव हायून ने बताया कि हमलावर विमान को नुकसान पहुंचाने और क्रैश कराने की कोशिश कर रहा था। उन्होंने हिम्मत दिखाते हुए हमलावर को पीछे से जकड़ लिया, जिसके बाद अन्य यात्रियों ने भी मदद की और उसे पूरी तरह दबोच लिया।

सऊदी अरब में पूछताछ, UAE को सौंपा जा सकता है हमलावर

घटना के बाद विमान की इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई और हमलावर को सऊदी अरब में गिरफ्तार कर लिया गया। नेतन्याहू ने अमेरिकी न्यूज चैनल फॉक्स न्यूज से बातचीत में बताया कि अभियुक्त से सऊदी अरब में कड़ी पूछताछ की जा रही है। उन्होंने संकेत दिया कि आगे की विस्तृत जांच के लिए हमलावर को संयुक्त अरब अमीरात (UAE) प्रत्यर्पित किए जाने की प्रबल संभावना है, क्योंकि विमान ने दुबई से ही उड़ान भरी थी।

ट्रंप और काट्ज़ के बयानों ने बढ़ाया सस्पेंस

इस सनसनीखेज घटना ने अंतरराष्ट्रीय राजनीति में भी हलचल तेज कर दी है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने घटना के तुरंत बाद नेतन्याहू से फोन पर बात की। ट्रंप ने कहा कि शुरुआती जांच में ऐसा प्रतीत होता है कि हमलावर “शायद एक आतंकवादी” था, हालांकि उन्होंने यह भी जोड़ा कि इसके पीछे अन्य कारण भी हो सकते हैं।

दूसरी ओर, इसराइल के रक्षा मंत्री इसराइल काट्ज़ (Israel Katz) ने इस मामले में बेहद आक्रामक रुख अपनाते हुए इसे सीधे तौर पर “जिहादी आतंकवादी हमले की कोशिश” करार दिया है। हालांकि, काट्ज़ ने अपने इस दावे के समर्थन में फिलहाल कोई अतिरिक्त जानकारी या सबूत साझा नहीं किए हैं।