अमेरिका में सिख समुदाय पर बने ‘नस्लवादी’ AI विज्ञापन पर गरमाई सियासत
अमेरिका के गृह सुरक्षा विभाग (DHS) द्वारा जारी किए गए एक एआई (AI) निर्मित विज्ञापन को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। इस विज्ञापन में ‘मिस्टर सिंह’ को देश छोड़ने के लिए कहते हुए एक सिख व्यक्ति को दिखाया गया था, जिसे अधिकार समूहों ने ‘‘नस्लवादी’’ और ‘‘अमेरिका-विरोधी’’ करार दिया है। भारी आलोचनाओं और सिख संगठनों के कड़े विरोध के बाद आखिरकार गृह सुरक्षा विभाग ने इस विज्ञापन को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ से हटा दिया है।
क्या था विज्ञापन में और क्यों हुआ विवाद?
बिना लाइसेंस वाले वाणिज्यिक चालकों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत DHS ने सोशल मीडिया पर एक एआई वीडियो जारी किया था। इसमें एक सिख ट्रक चालक को दिखाते हुए लिखा गया था, ‘‘हमारी सड़कों से दफा हो जाओ, ‘मिस्टर सिंह’ आपको वाहन चलाना नहीं आता।’’
इस विज्ञापन के सामने आने के बाद सिख संगठनों ने कड़ी आपत्ति जताई। सिख कोएलिशन और हिंदू अमेरिकन फाउंडेशन (HAF) समेत कई संगठनों ने इसे संघीय एजेंसी की ओर से की गई भेदभावपूर्ण और नस्लीय पहचान के आधार पर निशाना बनाने की कोशिश बताया। संगठनों का कहना था कि लाखों सिखों का उपनाम ‘सिंह’ है और अपनी पहचान जाहिर करने से वे डरते नहीं हैं, भले ही सरकारी एजेंसियां उन्हें गलत तरीके से पेश करें। यह विवाद ऐसे समय में सामने आया है जब अमेरिका में मध्यावधि चुनाव नजदीक हैं, और विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी इस मुद्दे को जोर-शोर से उठा रही है।
भारतीय-अमेरिकियों का राजनीतिक रुख
इस घटनाक्रम के बीच राजनीतिक गलियारों में भारतीय-मूल के मतदाताओं के रुख पर भी चर्चा तेज हो गई है। हालिया सर्वे के अनुसार, अधिकांश एशियाई-अमेरिकी और भारतीय-अमेरिकी मतदाता डेमोक्रेटिक पार्टी के उम्मीदवारों के पक्ष में नजर आ रहे हैं। लगभग 66 प्रतिशत भारतीय-अमेरिकी मतदाताओं ने प्रतिनिधि सभा और सीनेट चुनावों में डेमोक्रेटिक उम्मीदवारों का समर्थन करने की बात कही है। चुनाव के इस माहौल में इस तरह के विज्ञापन डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन के लिए राजनीतिक रूप से नुकसानदेह साबित हो सकते हैं।
