Pakistan Petrol Price: फिर बढ़े पेट्रोल-डीजल के दाम, जानें नई कीमतें
इस्लामाबाद : आर्थिक बदहाली और महंगाई से त्रस्त पाकिस्तान की जनता पर शहबाज शरीफ सरकार ने एक बार फिर बोझ बढ़ा दिया है। देश में पेट्रोल और डीजल के दामों में बढ़ोतरी कर दी गई है, जिसके बाद नई दरें बुधवार, 2 सितंबर से पूरे देश में प्रभावी हो चुकी हैं। वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और अमेरिका-ईरान के बीच बढ़ते तनाव का हवाला देते हुए यह कदम उठाया गया है।
कितने बढ़े दाम और क्या हैं नई कीमतें?
पाकिस्तान सरकार ने पेट्रोल की कीमत में 1.08 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर का इजाफा किया है, जबकि हाई-स्पीड डीजल (HSD) के दाम में 0.51 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर की वृद्धि की गई है।
इस संशोधन के बाद पाकिस्तान में ईंधन के नए रेट इस प्रकार हैं:
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पेट्रोल की रिटेल कीमत: बढ़कर 343.87 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर हो गई है।
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हाई-स्पीड डीजल की कीमत: उछलकर 370.92 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर पर पहुंच गई है।
युद्ध के समय के उच्च स्तर से फिलहाल राहत
पिछले कुछ महीनों के आंकड़ों पर नजर डालें तो इस साल अमेरिका-इजरायल संघर्ष के दौरान कीमतों में भारी उबाल आया था। 3 अप्रैल को पाकिस्तान में हाई-स्पीड डीजल के दाम 500 रुपये प्रति लीटर के पार चले गए थे, जबकि पेट्रोल साढ़े 450 रुपये के ऊपर पहुंच गया था। उस रिकॉर्ड हाई लेवल की तुलना में मौजूदा कीमतें भले ही कुछ कम हैं, लेकिन आम जनता के लिए यह अभी भी भारी साबित हो रहा है।
दैनिक आधार पर तय हो रहे हैं दाम
पाकिस्तान के पेट्रोलियम मंत्री अली परवेज़ मलिक के पहले के संकेतों के मुताबिक, वैश्विक बाजार के हालात को देखते हुए अब ईंधन के दाम हर 15 दिन के बजाय दैनिक आधार पर तय किए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और कैबिनेट ने इसकी जिम्मेदारी तेल एवं गैस नियामक प्राधिकरण को सौंपी है।
आम जनता की जेब पर असर
पेट्रोल के दाम बढ़ने से दोपहिया वाहन चालकों और मध्यम वर्ग का बजट बिगड़ता है। वहीं, डीजल का इस्तेमाल माल ढुलाई, कृषि और पब्लिक ट्रांसपोर्ट में बड़े पैमाने पर होता है। डीजल के महंगे होने से परिवहन लागत बढ़ती है, जिसका सीधा असर फल, सब्जियों और अन्य दैनिक जरूरत की चीजों के दामों पर पड़ता है, जिससे देश में महंगाई और तेजी से बढ़ती है।
