LPU में रेप की अफवाह पर भारी बवाल, गाड़ियों में आगजनी और पथराव के बाद 10 दिन के लिए बंद हुई यूनिवर्सिटी
पंजाब के फगवाड़ा स्थित लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (LPU) में एक छात्रा से कथित रेप और आत्महत्या की अफवाह के बाद भारी बवाल हो गया है। छात्रों का प्रदर्शन इतना उग्र हो गया कि रविवार रात को पुलिस की गाड़ियों में आग लगा दी गई और पथराव किया गया। स्थिति को बेकाबू होता देख पंजाब पुलिस को आधी रात में यूनिवर्सिटी कैंपस में फ्लैग मार्च (Flag March) करना पड़ा। तनाव को देखते हुए यूनिवर्सिटी प्रशासन ने अगले 10 दिनों के लिए कैंपस बंद करने और मिडटर्म एग्जाम (Midterm Exam) रद्द करने का ऐलान कर दिया है।
सोमवार सुबह से ही भारी संख्या में छात्र-छात्राएं हॉस्टल खाली कर अपने घरों की ओर लौट रहे हैं।
क्या है एलपीयू का पूरा विवाद?
पूरे विवाद की जड़ एक अफवाह बताई जा रही है। शनिवार रात सोशल मीडिया पर खबर फैली कि गर्ल्स हॉस्टल-3 में रहने वाली एक छात्रा के साथ तीन दिन पहले प्लंबर ने कथित तौर पर रेप किया था। छात्रों का आरोप था कि हॉस्टल वार्डन को जानकारी दी गई लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई और छात्रा बाद में अपने घर चली गई।
इन दावों के बाद छात्र भड़क गए। रविवार तड़के से शुरू हुआ प्रदर्शन दिन चढ़ने के साथ उग्र होता गया। हजारों छात्र कैंपस में जमा हो गए और “वी वांट जस्टिस” के नारे लगाने लगे। कुछ प्रदर्शनकारी कैंपस में रखे पुराने लड़ाकू विमान MiG-23UM और सैन्य टैंक पर भी चढ़ गए।
हाईवे जाम और 20 करोड़ का नुकसान
छात्रों ने यूनिवर्सिटी के बाहर दिल्ली-अमृतसर नेशनल हाईवे-44 (NH-44) जाम कर दिया। पुलिस ने जब उन्हें हटाने की कोशिश की, तो कुछ प्रदर्शनकारियों ने पुलिसकर्मियों पर बोतलें फेंकी, जिसके बाद हल्का लाठीचार्ज हुआ। इसके बाद भीड़ उग्र हो गई और पथराव शुरू कर दिया गया।
जालंधर रूरल के एसएसपी हरविंदर सिंह विर्क के मुताबिक, हिंसा में दो पुलिस वाहनों को आग लगा दी गई और कई अन्य गाड़ियां क्षतिग्रस्त हुईं। इंटेलीजेंस इनपुट के अनुसार, यूनिवर्सिटी कैंपस में हुई तोड़फोड़ में करीब 20 करोड़ रुपये की संपत्ति का नुकसान हुआ है। स्थिति को संभालने के लिए कपूरथला, जालंधर और होशियारपुर से अतिरिक्त पुलिस बल बुलाना पड़ा।
पुलिस ने अज्ञात पर दर्ज किया रेप केस, LPU ने नकारी घटना
पुलिस ने प्रदर्शनकारी छात्रों की शिकायत के आधार पर अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ रेप का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इसके लिए एक स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) का गठन किया गया है। डीआईजी नवीन सिंगला ने बताया कि फॉरेंसिक सबूत, सीसीटीवी फुटेज और कॉल रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं।
दूसरी ओर, एलपीयू की रजिस्ट्रार डॉ. मोनिका गुलाटी ने इन सभी दावों को पूरी तरह से झूठा, निराधार और मनगढ़ंत बताया है। यूनिवर्सिटी का कहना है कि कैंपस में ऐसी कोई घटना नहीं हुई है और कुछ असामाजिक तत्व शांतिपूर्ण माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर रहे हैं।
बाहरी तत्वों के शामिल होने का दावा
प्रदर्शन में शामिल कुछ छात्रों ने दावा किया है कि रविवार रात कुछ बाहरी लोग कैंपस में घुसे और उन्होंने ही संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया। छात्र विंग के डीन सौरभ लखनपाल ने कहा कि यूनिवर्सिटी हर तरह की जांच के लिए तैयार है और छात्रों के प्रतिनिधियों को भी जांच में शामिल किया जाएगा ताकि उनके सामने सीसीटीवी फुटेज रखे जा सकें।
चितकारा यूनिवर्सिटी में भी तनाव का माहौल
लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के साथ-साथ पंजाब की एक अन्य प्रमुख निजी यूनिवर्सिटी, चितकारा यूनिवर्सिटी (Chitkara University) में भी भारी तनाव है। बनूड़ स्थित कैंपस में 24 और 25 सितंबर की रात हंगामे के बाद 26 सितंबर को छात्रों ने वीसी (VC) कार्यालय के बाहर धरना दिया। बढ़ते विवाद को देखते हुए चितकारा यूनिवर्सिटी ने भी 28 सितंबर से 1 अक्टूबर तक ‘नॉन-टीचिंग वर्किंग डेज’ घोषित कर दिए हैं, जिससे नियमित पढ़ाई बंद रहेगी।
फिलहाल पंजाब की दोनों प्रमुख निजी यूनिवर्सिटियों में स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है और पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है।
